चौपालों की पेंटिंग में लाखों की हेराफेरी का आरोप, भाजपा सरकार पर AAP विधायक संजीव झा का निशाना

नई दिल्ली, 1 जून 2026। दिल्ली में भाजपा सरकार के एक वर्ष पूरे होने के बीच आम आदमी पार्टी ने सरकार पर भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगाए हैं। बुराड़ी से विधायक और आम आदमी पार्टी के वरिष्ठ नेता संजीव झा ने दावा किया है कि उत्तर दिल्ली के मुखमेलपुर गांव में ग्रामोदय अभियान के तहत तीन चौपालों की पेंटिंग के नाम पर लाखों रुपये की अनियमितताएं हुई हैं।

संजीव झा ने रविवार को मुखमेलपुर गांव का दौरा कर चौपालों की पेंटिंग पर हुए खर्च को लेकर सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि एक चौपाल की पेंटिंग पर करीब 3.98 लाख रुपये, दूसरी पर 6.18 लाख रुपये और तीसरी पर लगभग 10 लाख रुपये खर्च दिखाया गया है, जबकि वास्तविक कार्य और उसकी गुणवत्ता इस खर्च के अनुरूप नजर नहीं आती।

एक दिन में पूरी हुई पेंटिंग, खर्च लाखों में

संजीव झा के मुताबिक, ग्रामीणों ने उन्हें बताया कि ग्रामोदय अभियान के तहत तीनों चौपालों की पेंटिंग एक ही रात में पूरी कर दी गई थी। उनका दावा है कि अलग-अलग चौपालों पर केवल 4 से 8 मजदूरों ने काम किया और पूरा रंग-रोगन एक दिन के भीतर समाप्त हो गया।

उन्होंने कहा, “यदि कोई सामान्य व्यक्ति इसी प्रकार की पेंटिंग करवाए तो इसकी लागत 40 से 50 हजार रुपये से अधिक नहीं आएगी। ऐसे में लाखों रुपये का खर्च दिखाया जाना गंभीर सवाल खड़े करता है।”

चार लाख की पेंटिंग का रंग उखड़ने लगा

AAP विधायक ने मुखमेलपुर की एक पुरानी चौपाल का उदाहरण देते हुए कहा कि वहां केवल ब्राइट येलो रंग से पेंटिंग की गई है, जिसकी परियोजना लागत 3,98,524 रुपये दर्शाई गई है। उन्होंने दावा किया कि पेंटिंग का रंग अब उखड़ना भी शुरू हो गया है, जिससे कार्य की गुणवत्ता पर भी सवाल उठते हैं।

झा ने कहा कि ग्रामीणों के अनुसार यह काम 10 नवंबर 2025 की रात शुरू हुआ और 11 नवंबर को समाप्त हो गया। उनके मुताबिक केवल चार मजदूरों ने यह कार्य किया, लेकिन इसकी लागत करीब चार लाख रुपये दिखाई गई।

ग्रामोदय फंड के उपयोग पर उठाए सवाल

संजीव झा ने कहा कि गांवों के विकास के लिए आवंटित ग्रामोदय निधि का उपयोग किस प्रकार किया जा रहा है, यह मुखमेलपुर की चौपालों के उदाहरण से स्पष्ट होता है। उन्होंने आरोप लगाया कि विकास कार्यों के नाम पर सरकारी धन का दुरुपयोग किया जा रहा है।

उन्होंने यह भी कहा कि परियोजना स्थल पर लगे बोर्ड पर दिल्ली विकास प्राधिकरण (DDA) का नाम दर्ज है। झा का कहना है कि उनकी पार्टी शुरू से ही ग्रामोदय फंड को सीधे गांवों के विकास कार्यों पर खर्च करने की पक्षधर रही है और इसे अन्य एजेंसियों के माध्यम से खर्च किए जाने का विरोध करती रही है।

मुख्यमंत्री से मांगा जवाब

AAP नेता ने मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता से मामले पर जवाब देने की मांग करते हुए कहा कि गांव के विकास के लिए निर्धारित धन आखिर गांव पर खर्च हो रहा है या फिर अधिकारियों और ठेकेदारों की जेब में जा रहा है।

उन्होंने यह भी दावा किया कि संबंधित कार्यों का निरीक्षण कर उन्हें प्रशासनिक स्तर पर स्वीकृति दी गई है। झा ने आरोप लगाया कि यदि उनके द्वारा उठाए गए सवाल सही हैं तो यह पूरे सिस्टम में पारदर्शिता और जवाबदेही पर गंभीर प्रश्नचिह्न लगाता है।

हालांकि, समाचार लिखे जाने तक भाजपा सरकार, दिल्ली विकास प्राधिकरण (DDA) या संबंधित प्रशासनिक अधिकारियों की ओर से इन आरोपों पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई थी।

Author


Discover more from

Subscribe to get the latest posts sent to your email.

Leave a Comment

Discover more from

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading

दीपिका पादुकोण का शाहरुख खान के लिए इमोशनल पोस्ट पहलगाम पर अमिताभ बच्चन ने तोड़ी चुप्पी फैटी लिवर के क्या लक्षण हैं, कैसे होगा ठीक? वैभव सूर्यवंशी के लिए बिहार सरकार का बड़ा ऐलान! IPL इतिहास में सबसे तेज़ शतक लगाने वाले बल्लेबाज़!